चालीसा (Chalisa)
चालीसा (Chalisa)
श्री बालाजी महाराज भगवान हनुमान जी का ही एक दिव्य स्वरूप माने जाते हैं। भक्त हनुमान जी को प्रेम और श्रद्धा से बालाजी महाराज, संकट मोचन, पवनपुत्र और बजरंगबली के नाम से पुकारते हैं। भगवान हनुमान जी भगवान श्रीराम के
भगवान महाकाल भगवान शिव का ही एक अत्यंत शक्तिशाली और दिव्य स्वरूप हैं। भगवान महाकाल को कालों के काल और संपूर्ण सृष्टि के स्वामी के रूप में पूजा जाता है। भक्त मानते हैं कि महाकाल अपने भक्तों की रक्षा करते
माँ पार्वती हिंदू धर्म की सबसे पूजनीय देवियों में से एक हैं। इन्हें आदिशक्ति, जगत जननी और भगवान शिव की अर्धांगिनी के रूप में जाना जाता है। माँ पार्वती प्रेम, शक्ति, धैर्य, करुणा और सौभाग्य का स्वरूप हैं। भक्त माँ
श्री साईं चालीसा, शिरडी के साईं बाबा की महिमा का गुणगान करने वाली एक अत्यंत लोकप्रिय और पवित्र स्तुति है। देश-विदेश में करोड़ों श्रद्धालु श्रद्धा और विश्वास के साथ इसका पाठ करते हैं। साईं बाबा ने अपने जीवनकाल में प्रेम,
पूर्ण इन्द्र, अरविन्द मुख, पीताम्बर शुभ साज । जय मनमोहन मदन छवि, कृष्णचन्द्र महाराज ॥ जय यदुनंदन जय जगवंदन । जय वसुदेव देवकी नन्दन ॥ जय यशुदा सुत नन्द दुलारे । जय प्रभु भक्तन के दृग तारे ॥ जय नट-नागर,
श्री गणेश चालीसा प्रथम पूज्य भगवान श्री गणेश की महिमा, कृपा और मंगलमय स्वरूप का वर्णन करने वाली अत्यंत लोकप्रिय चालीसा है। श्रद्धा और विश्वास के साथ श्री गणेश चालीसा…
जय दिगम्बर दत्त दयाला। कृपा सिन्धु सुख सागर नाला॥ त्रिमूर्ति रूप तुम्हारो भारी। ब्रह्मा विष्णु शंकर अवतारी॥ जय दत्त गुरु अद्भुत स्वामी। पारब्रह्म परमानन्द धामी॥ अज जन्म अज योगीश्वर राजा। मायापति जग के त्राता॥ गुरु ब्रह्मा गुरु विष्णु साखी। गुरु
जय जगन्नाथ दयालु दया निधान। करुणा रस सिन्धु नयन अन्धकार।। कटकट धनुस विराजत शंखाधार। मुख में कमल नैनन में चकार।। कनकमय शीश नव चारु चंद्र भाला। नख सिखर छवि गंजित सोहे बाला।।
जय हनुमान ज्ञान गुन सागर। जय कपीस तिहुँ लोक उजागर॥ राम दूत अतुलित बल धामा। अंजनिपुत्र पवन सुत नामा॥ महावीर बिक्रम बजरंगी। कुमति निवार सुमिति के संगी॥ कंचन वरन विराज सुवेसा। कानन कुंडल कुंचित केसा॥४॥
भगवान / God
भगवान और गुरु पर सच्चा विश्वास मनुष्य के जीवन को बदल सकता है। श्री शिरडी साईं बाबा (Shri Shirdi Sai Baba) की शिक्षाएं भी इसी सत्य को दर्शाती हैं। उनका संदेश था कि जीवन में
भगवान श्री हनुमान (Lord Shree Hanuman) सनातन धर्म में भक्ति, निष्ठा और अपार शक्ति के सबसे महान प्रतीकों में माने जाते हैं। Bhakti Margdarshan के अनुसार जब कोई भक्त बिना किसी स्वार्थ और अपेक्षा के
मंदिर (Temple)
वृंदावन के प्रसिद्ध बांके बिहारी मंदिर का इतिहास, श्री बांके बिहारी जी के प्राकट्य की परंपरा, स्वामी हरिदास जी से संबंध, दर्शन समय और मंदिर की विशेष सेवा-पद्धति विस्तार से जानें।
प्रेम मंदिर वृंदावन भगवान श्रीराधा-कृष्ण और श्रीसीताराम को समर्पित भव्य मंदिर है। जानिए इसका इतिहास, वास्तुकला, दर्शन समय, कृष्ण लीला की झांकियां और म्यूजिकल एवं डिजिटल फाउंटेन की पूरी जानकारी।
घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग भगवान शिव के 12 ज्योतिर्लिंगों में 12वां और अंतिम ज्योतिर्लिंग माना जाता है। जानिए घुश्मा की अद्भुत शिवभक्ति से जुड़ी पौराणिक कथा, मंदिर का इतिहास, अहिल्याबाई होलकर का योगदान, शानदार वास्तुकला, पूजा-पद्धति, दर्शन
भीमाशंकर ज्योतिर्लिंग भगवान शिव के 12 पवित्र ज्योतिर्लिंगों में से एक है। महाराष्ट्र के सह्याद्री पर्वतों में स्थित इस पवित्र मंदिर से भीमासुर की कथा, प्राचीन इतिहास, सुंदर नागर स्थापत्य, भीमा नदी और प्राकृतिक सौंदर्य
